RSS Chief Bhagwat’s Public Speech at Kanpur

कानपुर Nov 25-2012। RSS सरसंघचालक मोहन मधुकरराव भागवत जी ने स्थानीय ब्रजेन्द्र स्वरूप पार्क में उद्बोधन देते हुए कहा कि 87 वर्ष की संघ की साधना के बाद संघ से शेष समाज बहुत अधिक अपेक्षायें करता है और यह ठीक भी है। क्योंकि संघ ने

पवित्र हिन्दू धर्म का संरक्षण कर सम्पूर्ण राष्ट्र की उन्नति का संकल्प लिया है। उसके कार्यकर्ता अपने राष्ट्र को परमवैभव प्राप्त कराने का संकल्प करते हैं। किन्तु सम्पूर्ण राष्ट्र को उन्नति करने के लिए सारे कार्य संघ नहीं करेगा इसमें सबको सहभागी बनना होगा। चुनावी नेताओं की तरह संघ यह नहीं कहता कि आप मुझे बोट दो फिर 5 वर्ष तक देश के विकास का ठेका मैं लेता हूँ। संघ कहता है कि सबका उद्घार सब मिलकर करेंगे।

RSS Sarasanghachalak Mohan Bhagwat addressing Swayamsevaks at Kanpur Sanghik Nov-25-2012

यदि व्यक्ति के मन में मातृभूमि को माँ समझने की भावना है तो सबकी उन्नति में अपनी उन्नति की भावना रहेगी। देश और मैं एकमय होने चाहिए, यदि देश कष्ट में है तो मुझे भी कष्ट होना चाहिए। बाहर के संकटों को देखनेवाली दृष्टि को अंतर्मुखी करके देखना पड़ेगा। 1947 के पहले हम सारा दोष अंग्रेजों पर मढ़ते थे। पर अब ऐसा नहीं कह सकते, अब उपाय भी करने होंगे। प्रजातंत्र में प्रजा ने सरकार बनाई है अतः प्रजा भी दोषी है। हमें अपने आपको देश के लायक बनाना होगा। पूरी दुनिया में जो अग्रणी देश हैं उनके बनने में कम से कम 100 वर्ष लगे हैं। हमने तो 1000 वर्ष की गुलामी पार की है, सीमान्त संधर्ष सहा है। हमारी शिक्षा में गुलामी की मानसिकता है जिसके कारण हमारी रुचि नौकरी करने में है। स्वयं का प्रतिष्ठान बनाने या दूसरों को नौकरी देने में नहीं। हमें पूरे समाज की मानसिकता बदलनी होगी।
आत्म विस्मृति के कारण समाज में रूढ़ियाँ भी आ गयीं हैं, उन्हें हटाना होगा। जब हम अपने मन में समझेंगे कि देश के भविष्य का दायित्व हमारा है तभी देश बदलेगा। हमारे देश के लिए प्रामाणिकता से काम करने वालों का, सर्वस्व लुटाकर राष्ट्र सेवा करने वालों का निष्कर्ष एक समान है। हम सार्द्धशती पर विवेकानन्द को स्मरण करते हुए उनका उदाहरण ले सकते हैं। उन्होंने अपने 3 मिनट के भाषण में पहले 3 शब्दों से सबको अपना बनाया था अ0ौर फिर भारत का आध्यात्म सुनाया था, जिससे विश्व की भारत के प्रति दृष्टि बदली थी। उन्होंने भी कहा था कि शक्ति सम्पन्न होना बहुत जरूरी है। जनार्दन को जन में देखना चाहिए, उनकी सेवा करनी चाहिए। शिक्षा ऐसी हो जो आत्मगौरव शिखाये।

शेर के लिए भी यह जानना जरूरी होता है कि वह शेर है अन्यथा वह बकरियों के साथ रहते-रहते अपने आपको बकरी समझने लगता है। समाज जब अपने संगठित, एकत्रित स्वरूप को देखता है तब उसे अपनी शक्ति का ज्ञान होता है। इसी लिए संघ समय-समय पर स्वयंसेवकों का एकत्रीकरण करता रहता है।
सभी लोगों को घर के बाहर आकर एक घन्टा एकत्रित होकर यह जानना आवश्यक है कि वह अकेला नहीं है। स्वगौरव पर देश की प्रतिष्ठा करना, विविधताओं के बाद भी संगठित होने का कार्य सिखाना संघ का कार्य है। संख्या का बहुत अधिक फर्क नहीं पड़ता, साधना की गुणवत्ता बहुत जरूरी है। जिस प्रकार बहुतेरे तारे मिलकर अंधेरा नहीं दूर कर पाते, जब कि अकेला सूर्य काफी है। अपने को हिन्दू कहने वाले एकता के साथ खड़े हों, तभी देश का भाग्य बदलेगा।
इस देश में रहने वाले सभी हिन्दू हैं, कुछ अपने को भूल गये हैं, कुछ जानते हुए भी इस बात को नकारते हैं, उन्हें भी अपने आप को जागृत करना होगा। संघ के अच्छे दिन आ चुके हैं। समाज का बहुत बड़ा वर्ग संघ का शुभचिंतक है। किन्तु इस देश के भी अच्छे दिन आयें इस लिए संघ कार्य करेगा। समाज के सभी व्यक्तियों को मैं संघ की शाखा पर आने का आमंत्रण देता हूँ। वे अपना प्रतिदिन 1 घण्टा संघ को दें और वहाँ से प्राप्त अनुशासन, गुणवत्ता, कार्यदक्षता व देशभक्ति का उपयोग अपने शेष 23 घण्टों के जीवन में करें और समाज के सामने स्वयंसेवक का उदाहरण प्रस्तुत करें। अपने समय से एक तिहाई (1/3) समय समाज की सेवा में लगायें।
कार्यक्रम की अध्यक्षता समाज सेवी श्री पदम कुमार जैन ने की, कार्यक्रम में मुख्यतः क्षेत्रसंघचालक मा0 ईश्वरचन्द्र गुप्त, प्रान्त संघचालक वीरेन्द्रपराक्रमादित्य, विभाग संघचालक मा0 अर्जुनदासजी, प्रान्त प्रचारक आनन्दजी, भवानीभीख, वासुदेव वासवानी, श्यामजी शुक्ल, शिवभूषण सिंह ‘सलिल’ पीयूष शुक्ल आदि के सहित भारी संख्या नागरिक एवं माता-बहनें एवं पूर्ण शाखावेशयुक्त स्वयंसेवक उपस्थित थे।pU

Vishwa Samvada Kendra

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Are you Human? Enter the value below *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Next Post

Day-108: Avarsa receives Bharat Parikram Yatra

Mon Nov 26 , 2012
Avarsa Nov-24, 2012: The coastal village Avarsa received Bharat Parkrama Yatra lead by RSS Pracharak Sitarama Kedilaya on its 108th day. Avarsa villagers gave a warm welcome for Kedilaya while entering Yatra and also during his Gram Sampark later in the evening. Sitaram Kedilaya also visited few journalists, especially he […]